-15 वर्षों से कंपनी में कार्यरत मंजू ने मेहनत और लगन से हासिल की तकनीकी दक्षता, महिलाओं के लिए बनीं प्रेरणा
मथुरा। नवरात्र में मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की आराधना के बीच शक्ति के उस रूप को भी नमन करने का अवसर है, जो बिना किसी शोर के मेहनत कर संदेश दे रही हैं कि महिलाएं किसी भी काम में पीछे नहीं है। मेहनत, लगन और दृढ़ इच्छाशक्ति के बल पर महिलाएं हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा साबित कर रही हैं। मां दुर्गा जहां सृजन, साहस और संकल्प की प्रतीक हैं। मथुरा में जन्मी मंजू शर्मा ने औद्योगिक क्षेत्र में अपनी मेहनत और तकनीकी दक्षता से एक प्रेरणादायक उदाहरण प्रस्तुत किया है। एक साधारण कोर ड्रेसर के रूप में अपने कार्य की शुरुआत करने वाली मंजू शर्मा आज अत्याधुनिक मशीन का कुशलतापूर्वक संचालन कर रही हैं।
एक्वा प्लम्बिंग्स प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के कोर विभाग में कार्यरत मंजू शर्मा पिछले 15 वर्षों से सेवाएं दे रही हैं। अपने पक्के इरादे और कड़ी मेहनत के दम पर उन्होंने जीडीसी मशीन पर ढलाई संचालक बनने का निर्णय लिया। इस उन्नत मशीन पर सफलतापूर्वक काम करते हुए उन्होंने बेहतर अनुभव और तकनीकी दक्षता हासिल की। मंजू शर्मा यहीं नहीं रुकीं। उन्होंने आगे बढ़ते हुए इटली की मशीन निर्माता कंपनी आईएमआर द्वारा निर्मित अत्याधुनिक, कंप्यूटर नियंत्रित निम्न दबाव धातु ढलाई मशीन के संचालन में भी दक्षता हासिल की। यह मशीन आधुनिक तकनीक पर आधारित है और इसके संचालन के लिए तकनीकी समझ, सावधानी तथा सुरक्षा मानकों का पालन आवश्यक है। कंपनी के उपाध्यक्ष दलवीर बिष्ट के अनुसार, मंजू शर्मा इस अत्याधुनिक मशीन का कुशलतापूर्वक संचालन कर रही हैं और गुणवत्तापूर्ण उत्पाद तैयार करने में योगदान दे रही हैं। कंपनी तथा मशीन निर्माता कंपनी आईएमआर ने उनके उत्साह, मेहनत और उत्कृष्ट कार्य प्रदर्शन की सराहना की है।

-महिलाओं के लिए बनीं प्रेरणा
मंजू शर्मा की उपलब्धि इस बात का उदाहरण है कि मजबूत इच्छाशक्ति, दृढ़ संकल्प और निरंतर मेहनत से महिलाएं भी जटिल तकनीकी कार्यों में दक्षता हासिल कर सकती हैं। उनका सफर उन महिलाओं के लिए प्रेरणादायक है, जो औद्योगिक और तकनीकी क्षेत्रों में आगे बढ़कर अपनी पहचान बनाना चाहती हैं।
दलवीर बिष्ट ने मंजू शर्मा के कार्य और प्रदर्शन पर गर्व व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी उपलब्धि महिलाओं की क्षमता और आत्मविश्वास को दर्शाती है। मंजू शर्मा का सफर यह संदेश देता है कि सीखने की ललक और मेहनत के बल पर कार्यक्षेत्र में नई ऊंचाइयां हासिल की जा सकती हैं।