उप्र ब्रज तीर्थ विकास परिषद ने महाकवि सूरदास की जयंती पर आयोजन कराया
गोवर्धन। उप्र ब्रज तीर्थ विकास परिषद की ओर से महाकवि सूरदास की जयंती के दूसरे दिन रविवार को गोवर्धन स्थित साधना स्थली परासौली में सूर के पदों का गायन हुआ।
यह गायन आकाशवाणी व दूरदर्शन के वरिष्ठ कलाकार मयूर कौशिक, मुकेश कौशिक (कौशिक बंधु )द्वारा सर्वप्रथम राग बिलावल में सूरदास की रचना ” तोहे बृज चंदा बुलावै री ” स्वामिनी श्री राधे कूँ नमन करते हुए मंगलाचरण किया। ततपश्चात राग सारंग में “राधे तू अति रंग भरी” आदि पदों का बारी बारी से गायन प्रस्तुत किया। ऐसा लग रहा था जैसे ब्रज का प्राचीन स्वरूप सौंदर्य छटा ,चंद्रसरोवर के तट पर उल्लसित हो रही हो ।

साथ ही नवोदित कलाकार कु. योग्यता कौशिक व पीयूष कौशिक ने राग झिझोटी में–“सूर का पद सिखवत चलन यशोदा मैया” गायन प्रस्तुत किया ।
संगत कलाकारों में –सारंगी पर मनमोहन कौशिक , पखावज, तबला पर सुनील मलिक , हारमोनियम पर परवेज भाई ने संगति की।
कार्यक्रम में बरसाना के प्रमुख संत रमेश बाबा महाराज उपस्थित रहे ।
कार्यक्रम का संचालन बाल कृष्ण मुखिया ने किया ।
इस मौके पर आकाशवाणी के जितेंद्र सिंह, उप कार्यपालक अधिकारी जे पी पांडेय, सहायक अभियंता आर पी यादव ,देवो उपाध्याय ,गनपति बाबा,देवेन्द्र कौशिक , राजेश शर्मा ,माधव मिश्रा ,हरस्वरूप कौशिक ,जयपाल ,वनवारी ,गोपाल गोप आदि ग्राम वासी उपस्थित रहे ।