मथुरा। यमुना प्रदूषण रोकने के नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल के आदेशों पर असामाजिक तत्वों की मनमानी हावी है। मथुरा में नगरनिगम और यमुना मिशन द्वारा संयुक्त रूप से बनाए गये मसानी नाले के तटबंध तोड़ने से रोकने पर असामाजिक तत्वों ने मिशन कार्यकर्ताओं पर हमला कर दिया। मारपीट में पांच कार्यकर्ता घायल हो गए। इस मामले में थाना गोविंदनगर में दो नामजदों के अलावा 7 अन्य के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। इस तटबंध के माध्यम से नाले का गंदा पानी यमुना में प्रवाहित होने से रोका जाता है।
नगरनिगम और यमुनामिशन के संयुक्त प्रयास से बने मसानी नाले के तटबंध को तोड़ने के लिए सोमवार को करीब 4 बजे मसानी मोक्षधाम तुलसीवन में कुछ क्षेत्रीय लोग जा पहुंचे। मौके पर मौजूद यमुना मिशन कार्यकर्ता ने उन्हें समझाने का प्रयास किया, लेकिन योजनाबद्ध तरीके से लाठी-डंडे, लोहे की सरिया से एक साथ हमला कर दिया। यमुना मिशन कार्यकर्ताओं ने बमुश्किल भाग कर अपनी जान बचाई। मारपीट में सागर यादव, सतीश राजपूत, मोहित माहेश्वरी, राजीव गोस्वामी, गीतम चौधरी को चोटें आयीं। इस मामले में सागर यादव ने थाना गोविंद नगर में नामजद मुकदमा दर्ज कराया है। उन्होंने बताया कि नगरनिगम और यमुना मिशन ने संयुक्त प्रयास करके नाले को यमुना में सीधे गिरने से रोक दिए हैं, तभी से यह लोग अपने निजी स्वार्थ के चलते बार-बार यमुना मिशन कार्यकर्ताओं पर हमलावर हैं।
मसानी नाले के जीर्णोद्धार और पौधरोपण के कार्य का 18 जनवरी 2021 को गठित नगरनिगम, हरित यमुना मिशन फाउंडेशन और क्षेत्रीय पार्षदों की संयुक्त समिति निगरानी करती है।