मथुरा। चेन्नई की एक कंपनी द्वारा गोवर्धन के प्रतिष्ठित गिर्राज की शिलाओं की ऑनलाइन बिक्री की जानकारी पर ब्रज के लोगों में आक्रोश उत्पन्न हो गया। गोवर्धन में एक ओर जहां लोगों ने कंपनी के विरुद्ध प्रदर्शन और नारेबाजी किए तो वहीं कलेक्ट्रेट पर श्रीमद् भागवत कथा आयोजन समिति ने ज्ञापन सौंपकर उक्त कंपनी पर प्रतिबंध और कानूनी कार्यवाही की मांग की।
मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन में समिति के संस्थापक पंडित अमित भारद्वाज ने बताया कि चेन्नई की “इंडिया मार्ट गिरिराज शिला” नामक कंपनी द्वारा गोवर्धन में प्रतिष्ठित गिरिराज पर्वत की शिलाओं की ऑनलाइन बिक्री की जा रही है। गूगल पर उनकी ऑनलाइन साइट है, जिसके माध्यम से वह गिरिराज शिला का मूल्य निर्धारित कर उसे बेच रहे हैं। शिकायतकर्ताओं ने कहा कि प्रभु गिरिराज जी बृज वासियों सहित समस्त कृष्ण भक्तों की आस्था के प्रतीक एवं आराध्य हैं। गिरिराज प्रभु का मूल्य निर्धारण कर उसे बेचना कंपनी संचालक की धन कमाने की निकृष्ट मानसिकता है। इससे कृष्ण भक्तों और ब्रज वासियों को भारी रोष व्याप्त है। यह उनकी आस्था पर कुठाराघात है। मान्यता है कि गिरिराज ब्रज के अलावा कहीं बाहर नहीं जाते हैं और न ही अमृत के अलावा और कहीं इनकी सेनाओं को स्थापित किया जाता है लेकिन कंपनी निजी लाभ के लिए गिरिराज शिलाओं का सौदा कर रही है।
शिकायतकर्ताओं ने उक्त कंपनी पर रोक एवं कानूनी कार्यवाही की मांग की है।
ज्ञापन सौंपने वालों में पंडित शशांक पाठक, संत राजा बाबा, श्रीकांत भंडारी, डॉ मनोज मोहन शर्मा, राजू, बिहारी लाल, रासबिहारी गौड़, अमित शर्मा, भरत शर्मा, राहुल पंडित, हरिशंकर शर्मा आदि शामिल थे।