-लाड़लीलाल, मानबिहारी, दानबिहारी व चित्र सखी के किये दर्शन
-मनोरथ के साथ किया यमुना पूजन

हाथरस/गोकुल। प्रभात फेरी के साथ आरंभ हुई 109 वीं ब्रज बरसाना यात्रा के दौरान बृज की द्वार देहरी के भक्तों ने बलदेव दर्शन, मथुरा के ब्रह्मांड घाट पर चुनरी मनोरथ (यमुना पूजन), रासबिहारी, मानबिहारी, दानबिहारी, कुशलबिहारी आदि के दर्शनों के साथ विश्व प्रसिद्ध लाड़लीलाल मंदिर में पहुंचकर दर्शन के व प्रसादी के बाद देर रात यात्रा ब्रजद्वार हाथरस के घंटाघर पहुंचकर यात्रा संपन्न हुई।
109 वी यात्रा के साथ ही ब्रज बरसाना यात्रा मंडल की बरसाना यात्रा अपने दसवें वर्ष में प्रवेश कर गयी। यात्रा का शुभारंभ गणेश पूजन के साथ निकली प्रभात फेरी से हुआ। सभी भक्त घंटाघर स्थित गांधी चौक पर एकत्र हुए और दो बसों में सवार हो ब्रजराज बलदेव (दाऊजी) के लिए प्रस्थान कर गए। जहां दाऊजी व मां रेवती के दर्शन कर भोग प्रसादी लगाई और श्रृंगार किया। इसके बाद ब्रज बरसाना यात्रा मथुरा के ब्रह्मांड घाट पहुंची, यहां पर सभी भक्तों ने मां यमुना जी को साड़ी सहित अन्य वस्त्रों से श्रृंगार आदी कर आरती करते हुए चुनरी मनोरथ किया। मां यमुना जी के पूजन उपरांत सभी भक्तों ने ब्रज धाम बरसाना के लिए प्रस्थान किए। जहां पर सबसे पहले राधारस मंदिर पहुंच रासबिहारी सरकार के दर्शन किए और प्रसादी ग्रहण की। इसके बाद बरसाना स्थित माताजी गौशाला पहुंचकर गौ पूजन और दर्शन किया। बता दें कि इस गौशाला में तकरीबन 65000 गौ वंश है। जहां पर माननीय सेवा के साथ-साथ यहां मशीनों से भी माता जी गौशाला की सेवा की जाती है। इसके बाद भक्त मान मंदिर पहुंचे जहां मानबिहारी सरकार की सायं आरती के साथ पूजन किया। दानबिहारी सरकार के दर्शन करते हुए कुशलबिहारी, नृत्यगोपाल, हंसगोपाल के दर्शन किए। इसके बाद विश्व प्रसिद्ध लाड़लीलाल सरकार मंदिर में पहुंचकर मां राधा रानी के दर्शन कर अपने आप को कृतार्थ किया। इसी क्रम में भक्तों ने अष्टसखी दर्शन किए। फिर चित्रा सखी के दर्शन करते हुए पुन: राधारस मंदिर पहुंचकर अपनी परिक्रमा संपूर्ण की और फिर बस द्वारा ब्रिज की द्वारा देहरी हाथरस के लिए प्रस्थान किया। देर रात करीब 10 बजे पहुंचकर यात्रा का समापन हुआ।

इस मौके पर खासतौर से मंडल प्रमुख मा. कैलाशचंद्र वार्ष्णेय, गंगाचरण शरण मैदा वाले, आशीष जैन, रोचक जैन, श्रीमती अलका पाराशर, लेखराज सिंह, प्रदीप अग्रवाल, दिनेश शर्मा, विकास अग्रवाल, अशोक अग्रवाल, संजय दीक्षित एडवोकेट व इंजीनियर यशवीर शर्मा आदि प्रमुख रूप से मौजूद थे।