-तबियत बिगड़ने पर तुरंत चिकित्सक से करें संपर्क
-धूप में अनावश्यक घर से बाहर न निकलने की दी सलाह
मथुरा। तेज गर्मी में होने के चलते लोगों का स्वास्थ्य बिगड़ सकता है। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने लू से बचाव करने के लिए एडवाइयजरी जारी कर दी है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अजय कुमार वर्मा ने बताया कि तेज गर्मी में शरीर में पानी की कमी न होने दें। अधिक से अधिक पानी पिएं और पानी की अधिक मात्रा वाले फल व सब्जियों का सेवन करें। उन्होंने कहा कि लू के कारण शरीर की कार्यप्रणाली प्रभावित हो जाती है जिससे मृत्यु भी हो सकती है। इसलिए इससे बचाव बहुत ही जरूरी है। इस वक्त धूप में जरूरत होने पर ही निकले।
जिला स्वास्थ्य शिक्षा सूचना अधिकारी जितेंद्र सिंह ने बताया कि जब भी धूप में घर से बाहर निकले तो पानी पीकर और शरीर को पूरा ढकने वाले कपड़े पहनकर निकले।
हीटवेव सतर्क रहें, सुरक्षित रहें
• -शरीर को ढककर रखें
• -गर्मी के दौरान नरम, मुलायम सूती और हल्के रंग के कपड़े पहनें।
• -जब बाहर निकले तो जूता अथवा चप्पल पहनकर ही निकलें।
• -जब भी बाहर निकलें तो अपने सिर को छतरी, टोपी अथवा इत्यादि से ढक कर रखें।
• -शरीर में पानी की कमी न होने दें
• -पानी अधिक मात्रा में पिएं, प्यास न लगने की स्थिति में भी थोड़ा-थोड़ा पानी पीते रहें।
• -यात्रा करते समय पानी साथ ले जाना न भूलें।
• -ओआरएस घोल का प्रयोग करें और घर में बनाए हुए पेय पदार्थ पिएं।
• -पानी की अधिक मात्रा वाले सब्जी-फल जैसे- तरबूज, खरबूजा, संतरा, खीरा, अनानास खाएं।
लू लगने पर ये करें
• -लू लगे व्यक्ति को छाया/ पंखे/ कूलर के सामने लिटाएं
• -शरीर का तापमान कम करने के लिए शरीर, गर्दन, सिर और पेट पर ठंडे पानी से गीला किया कपड़ा रखें
• -व्यक्ति को ओ.आर.एस. का घोल , छाछ या शर्बत पिलाएं
• -यदि आराम न मिले तो उसे तुरंत नजदीक के स्वास्थ्य केंद्र पर ले जाएं
इन लक्षणों के दिखने पर डॉक्टर को दिखाएं
• -चिड़चिड़ापन होने, सिर में तेज दर्द होने या बेहोशी आने पर
• -त्वचा लाल होने और सूखी होने पर
• -शरीर का तापमान 40 डिग्री सेंटीग्रेट से अधिक होने पर
• -मांसपेशियों में खिचाव होने पर
• -उल्टी होने और जी मचलाने पर
• -ह्रदय गति और श्वसन गति बढ़ने पर